अध्याय 67 श्री मार्टिन, कृपया हमारी माँ की मदद करें

"अब तुम किस चक्कर में पड़ गई हो?" शार्लेट की आवाज़ में अधीरता टपक रही थी।

आज वेरिटास इंस्टीट्यूट फ़ॉर मेडिकल इनोवेशन में डेज़ी के हंगामे की बात सोचते ही शार्लेट का दिमाग़ पहले से ही जेम्स पर खौल रहा था।

उसने तो उसके साथ झगड़ा ढूँढ़ने तक की कोशिश नहीं की थी, फिर भी वह खुद ही मुसीबत लेकर उसके दरवाज़...

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